सुदर्शन टीवी पर यूपीएससी जिहाद कार्यक्रम झूठी और गलत जानकारी के आधार पर बनाया था कार्यक्रम , विस्तार से पढ़ें पूरी खबर

सुदर्शन टीवी पर यूपीएससी जिहाद कार्यक्रम झूठी और भ्रामक जानकारी पेश की। और जो जानकारी इस कार्यक्रम में पेश की गई उसका कोई प्रमाण नहीं था। इस कार्यक्रम में घटिया ग्राफिक्स और सोशल मीडिया से तैरती हुई वीडियो का इस्तेमाल किया गया था। अल्ट न्यूज ने भी इस कार्यक्रम को लेकर खुलासा किया बाद में यह पाया गया की सुदर्शन टीवी पर यूपीएससी जिहाद कार्यक्रम में 6 गलत और भ्रामक जानकारी पर कार्यक्रम बनाया गया था।

लेकिन अगर आप सुदर्शन टीवी के एंकर सुरेश चव्हाण के की भाषा को सुनेंगे। तो आप सोचेंगे कि इस सुदर्शन टीवी को ब्रॉडकास्टिंग लाइसेंस किसने दिया। सुदर्शन टीवी के सभी कार्यक्रमों में सड़क छाप भाषा का इस्तेमाल होता है । और सुदर्शन टीवी के एंकर जितने भी कार्यक्रम पेश होते हैं वह सभी एक धर्म विशेष समुदाय को टारगेट करते हैं। और उसमें बिना जानकारी के खबरों को प्रसारित किया जाता है।

इस कार्यक्रम के अनुसार बताया गया कि यूपीएससी में मुसलमान घुसपैठ कर रहे हैं तो सुदर्शन टीवी के एंकर को सोचना चाहिए अगर उसमें मेहनत करके छात्र परीक्षा को पास कर रहे हैं तो उसे सुदर्शन टीवी के एंकर घुसपैठ की नजर से देखते हैं। यूपीएससी जिहाद के साथ-साथ इस कार्यक्रम में एक जिहाद को और जोड़ा गया और उसे नौकरशाही जिहाद का नाम दिया गया । फिर इसी कार्यक्रम में गलत जानकारी को परोसा गया।

इसी कार्यक्रम में यूपीएससी जिहाद कार्यक्रम के बहाने मुस्लिम समाज को टारगेट किया गया। इस कार्यक्रम को लेकर कई लोगों ने शिकायतें भी दर्ज की। क्योंकि यह कार्यक्रम द्वारा समाज में नफरत फैलाई जा रही थी। पहले इस कार्यक्रम पर हाईकोर्ट ने रोक लगाया और इसके बाद फिर सुप्रीम कोर्ट ने इस कार्यक्रम पर रोक लगा दिया। क्योंकि सुदर्शन टीवी पर यूपीएससी जिहाद कार्यक्रम गलत और भ्रामक जानकारी फैला रहा था