अब तो किसान भी ,जी न्यूज़ , एबीपी न्यूज़ ,आज तक , के रिपोर्टरों से बात करना नहीं चाहते , वह भी जानते हैं कि यह गोदी मीडिया ..

किसानों का प्रदर्शन चल रहा है वही सोशल मीडिया पर ऐसे कई वीडियो वायरल हुए हैं जिसमें प्रदर्शन कर रहे किसान गोदी मीडिया के रिपोर्टर से बात तक नहीं करना चाह रहे हैं क्योंकि उन्हें मालूम है कि इनके जो मालिक हैं वह किस प्रकार की खबरें प्रसारित करवाते हैं और लोगों में किस प्रकार का माहौल पैदा किया जाता है और आंदोलन कर रहे किसानों को यह मीडिया के एंकर क्या घोषित करा रहे थे और किसानों को क्या बता रहे थे।

वीडियो में आपने देखा ही होगा कि रिपोर्टर किसानों से सवाल पूछते हैं लेकिन किसान उनके सवालों का जवाब देने से इंकार कर देते हैं वह कहने लगते हैं यह गोदी मीडिया है। आगे भी उन्होंने इस मीडिया के बारे में कई बातें बताई । और किसानों की और मीडिया कर्मी की जो बातचीत हुई थी उसकी वीडियो सोशल मीडिया पर लोग जमकर शेयर कर रहे हैं और इन गोदी मीडिया के चैनलों की हकीकत भी सामने खुलकर आ रही है।

यह तो सबको पता ही होगा कि भारतीय मीडिया किस प्रकार की खबरें पसंद करता है किसान देश में इस समय आंदोलन कर रहे हैं मीडिया को चाहिए था उनके समक्ष पहुंचकर उनकी खबरें दिखाई जाती लेकिन ऐसा नहीं हुआ बल्कि मीडिया के अंतर यह ढूंढने लगे कि इन्हें देशद्रोही किस प्रकार से साबित किया जाए इन कि नारों को ढूंढा जाए नारों में कोई ऐसे शब्द को देखा जाए सुना जाए जिससे देश द्रोही घोषित करने में आसानी हो जाए

लेकिन किसानों ने बड़ी समझदारी से इस आंदोलन को किया और आगे बढ़ते गए हालांकि पुलिस ने इन्हें रोकने की कोशिश की इस तरीके से रोकने की कोशिश की जैसे बॉर्डर बना दिया गया हो लेकिन किसान आगे बढ़ते ही गये। वहीं कुछ भारतीय मीडिया जो अब गोदी मीडिया बन गया है उसके कुछ रिपोर्टर ने किसानों से बात करने की कोशिश कर रहे थे तब किसानों ने ही इन रिपोर्टों से बातचीत करने से मना कर दिया आप ट्वीट की गई वीडियो में देख सकते है ।