डीजीपी गुप्तेश्वर पांडे जदयू में शामिल होने पर लोगों ने दी प्रतिक्रियाएं , खाकी को खादी में बदलो और खादी पहनकर आनंद लो

बिहार में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। सभी नेता और कार्यकर्ता प्रचार में जुट गए हैं। और वहीं कुछ लोग आपदा को अवसर में भी बदल रहे। बिहार के डीजीपी गुप्तेश्वर पांडे के राजनीति में आने की खबर पहले से ही चल गई थी जब उन्होंने रिया चक्रवर्ती को लेकर एक बयान दिया था और जिसने उन्होंने औकात शब्द का इस्तेमाल किया था। उस बयान देते समय बिहार के डीजीपी गुप्तेश्वर पांडेय से लग रहे थे जैसे कोई नेता बयान दे रहा हो।

बिहार के डीजीपी गुप्तेश्वर पांडे जदयू में शामिल हो गए उसके बाद सोशल मीडिया पर अलग-अलग लोग प्रतिक्रियाएं देने लगे। लेकिन बिहार के डीजीपी गुप्तेश्वर पांडे खाकी से अब खादी में कन्वर्ट हो गए हैं। वही गुप्तेश्वर पांडे पर सोशल मीडिया पर और भी कई लोगों ने तंज कसा कि बिहार के डीजीपी गुप्तेश्वर पांडे ने वर्दी को पहन कर जनता की सेवा नहीं की बल्कि वर्दी पहनकर सरकार का प्रचार प्रसार किया।

डीजीपी गुप्तेश्वर पांडे

लेकिन बिहार में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं क्या इस बार भी बिहार में चुनाव विकास पर होगा बिहार की समस्याएं हैं उन पर होगा। किसी 90 के दशक की फिल्म को देखिए उसमें नेताजी जब चुनाव में प्रचार करते हैं तो बिजली-सड़क-पानी पर चर्चा होती है। लोग पूछ भी बैठते हैं या फिर नेता जी ने क्या काम किया आपने जो पिछली बार वादे किए थे बिजली-सड़क-पानी के वो कहां हैं।

जमाना बदल गया 2020 का साल आ गया है। जो जनता से जुड़े मुद्दे होते हैं ना तो उन पर मीडिया पर बहस हो रही है और ना ही उन मुद्दों पर चुनाव हो रहा है। जब देश में लॉकडाउन लगा था उस वक्त बिहार के लोग मुंबई दिल्ली जैसे शहरों में काम कर रहे थे तब आपने देखा ही होगा कि वह अपने घरों के लिए पैदल चल रहे थे कई कई दिन का सफर करने के बाद वह घर पहुंच पाए थे। उस वक्त केंद्र सरकार और राज्य सरकार चुपचाप यह सब देख रही थी।

उस वक्त भी बिहार के डीजीपी गुप्तेश्वर पांडे ही थे लेकिन फिर भी जनता बिहार में अपने घरों को लौटते रहे। कोरोना वायरस का संक्रमण अभी देश में खत्म नहीं हुआ बल्कि और लगातार तेजी से बढ़ रहा। लेकिन सरकार ने जो लॉकडाउन को अनलॉक किया है उसे देश की जनता यह मान रही है कि सब कुछ नॉर्मल हो गया। सड़कों पर पहले के जैसी भीड़ लग रही है सोशल डिस्टेंस का पालन भी नहीं हो पा रहा है।

और देश पूरी दुनिया में कोरोनावायरस संक्रमण के मामले में ब्राजील को पीछे छोड़ आगे निकल गया है दूसरे नंबर पर भारत इस वक्त कोरोनावायरस संक्रमण मामले में है पर अमेरिका से लगभग 1 मिलियन संक्रमण मामले में पीछे है। लेकिन इसके बावजूद भी पार्टी का प्रचार कर रही हैं और आगे आने वाले दिनों में वोटिंग भी करेंगे। लेकिन कोरोनावायरस को लेकर देश में क्या स्थिति है उस पर मीडिया ने चर्चा करना ही छोड़ दिया है।

बिहार में सुशांत सिंह राजपूत के लिए इंसाफ मांगने वाले बिहार के डीजीपी गुप्तेश्वर पांडे अब खाकी से खादी में बदल गए हैं । और देश का मीडिया अभी सुशांत सिंह राजपूत की कवरेज करने को लेकर ना जाने कहां से कहां पहुंच गया। लेकिन अब कुछ ही दिनों बाद बिहार विधानसभा के चुनाव होंगे। और सुशांत सिंह राजपूत की फोटो के साथ बीजेपी के स्टीकर भी छप गए हैं।