बड़ी खबर : शांतिपूर्ण तरीके से युवा मोमबत्ती दीया के साथ कर रहे थे प्रदर्शन , पुलिस ने युवाओं पर किया ला ठीचार्ज

कल 9 सितंबर था और 9 सितंबर रात 9:00 बजे 9 मिनट तक युवा बेरोजगार छात्रों ने मोमबत्ती , दीया , टार्च , आदि का इस्तेमाल करके बेरोजगारी और निजी करण को लेकर प्रदर्शन किया। लेकिन यह प्रदर्शन बिल्कुल शांतिपूर्ण था और शांतिपूर्ण तरीके से युवा छात्र सरकार के सामने बेरोजगारी को लेकर सवाल कर रहे थे ठीक उसी तरीके से जैसे आप से कुछ दिन पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों से अपील की थी।

लेकिन जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने टॉर्च मोमबत्ती की देशवासियों से अपील की थी तब भी लोग सड़कों पर आए थे। और सड़कों पर लोग कहते हुए नजर आ रहे थे वो करोना गो। लेकिन यहां देश के युवा बेरोजगारी को लेकर सरकार से सवाल कर रहे हैं। और वह भी बिल्कुल शांतिपूर्ण तरीके से । लेकिन शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर पुलिस ने ला ठीचार्ज । और कई अन्य छात्रों को पुलिस ने गिरफ्तार भी किया।

लेकिन आपको बता दें कि कल जो ट्विटर पर ट्रेंड चला था 9:00 बजे 9 मिनट इसमें 10 लाख लोगों से ज्यादा लोगों ने ट्वीट किया। यह टि्वटर ट्रेंड विश्व स्तर तक पहुंच गया लेकिन सोचने वाली बात यह है कि मुख्यधारा के मीडिया चैनलों तक क्या यह खबरें या ट्विटर ट्रेंड नहीं पहुंचा। कल दस लाख से ज्यादा युवा छात्रों ने दिए के साथ , मोमबत्ती के साथ बेरोजगारी की समस्या को लेकर फोटो और वीडियो अपलोड की।

उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भी कल शाम मोमबत्ती के साथ ट्विटर पर एक फोटो अपलोड की। फिर उसके बाद उन्होंने एक ट्वीट और किया उन्होंने कहा जब शांतिपूर्ण तरीके से युवा समाजवादी अपनी बात रख रहे हैं तो यह पुलिस उन पर ला ठीचार्ज क्यों कर रही है। यह युवा तो शांतिपूर्ण तरीके से अपनी आवाज उठा रहे हैं। देखिए अखिलेश यादव का यह ट्वीट