कोरोनावायरस: गोदी मीडिया की दूसरे देशों पर रिपोर्टिंग , और अपने देश पर खामोशी , विस्तार से पढ़ें पूरी खबर

भारत में जब कोरोनावायरस संक्रमण नहीं था तब लगातार भारत की अर्थव्यवस्था गिरती हुई चली जा रही थी इस पर विपक्ष सवाल भी करता था लेकिन खुद ही मीडिया उनसे ही सवाल पूछता था। जब तो कोरोनावायरस संक्रमण भी नहीं था भारत में बेरोजगारी तभी से बढ़ती चली जा रही थी छात्रों को नौकरी नहीं मिल रही थी युवा बेरोजगार हो रहा था इस पर विपक्ष ने सवाल खड़े किए थे लेकिन गोदी मीडिया ने उल्टे इन्हीं से सवाल पूछना शुरू कर दिए।

अब भारत में कोरोनावायरस संक्रमण तेजी से फैल रहा है लाखों लोगों की नौकरियां चली गई जिले कितने लोग बेरोजगार हो गए आपने कभी इन मुद्दों पर टीवी पर चर्चा देखी नहीं देखी होगी क्योंकि इन मुद्दों पर बहस करने से कोई फायदा भी नहीं है। क्योंकि अगर आप टीवी को देखोगे तो आपको ऐसा लगेगा कि भारत में सब ठीक-ठाक है है कोई परेशानी नहीं है । लेकिन भारत में कोरोना वायरस संक्रमण तेजी से फैल रहा है।

जब इटली और स्पेन में कोरोना वायरस संक्रमण तेजी से फैला था तब गोदी मीडिया स्पेन और इटली पर लगातार कवरेज कर रहा था। इटली और स्पेन में लोगों को क्या क्या परेशानी हो रही है गोदी मीडिया उस वक्त अपने चैनलों पर दिखा रहा था और वहां की पल-पल की जानकारी यहां दी जा रही थी प्राइम टाइम का भी हिस्सा बनी इटली और स्पेन की खबरें। लेकिन भारत में कोरोनावायरस संक्रमित मरीजों की लगातार सोशल मीडिया पर परेशानी सामने आ रही है।

और भारत में कोरोना वायरस संक्रमण की तेजी से फैल रहा है लेकिन अपनी ही देश की खबरें गोदी मीडिया अपने प्राइम टाइम खबरों में जगह नहीं दे पा रहा है प्राइम टाइम को छोड़िए गोदी मीडिया किसी भी वक्त भारत में कोरोनावायरस की स्थिति को लेकर जगह नहीं दे पा रहा। जब इटली और स्पेन में कोरोनावायरस संकल्प मरीजों की परेशानी सामने आ रही थी तो गोदी मीडिया लगातार उस पर कवरेज कर रहा था ।

आज कोरोनावायरस संक्रमण बढ़ने के उत्तर प्रदेश बिहार में मरीजों के साथ क्या हाल है वहां स्वास्थ्य सुविधाएं ठीक नहीं हैं। लेकिन अब गोदी मीडिया चर्चा किस रहा है। अब गोदी मीडिया भूमि पूजन पर लगातार कवरेज कर रहा है। लेकिन कोरोनावायरस संक्रमित मरीजों की दिक्कतें सामने निकल कर आ रही हैं। उन मरीजों की दिक्कतों को अगर मीडिया सरकार तक नहीं पहुंचेगा तो कौन पहुंचाएगा।

जनता को आत्मनिर्भर बना दिया गया है और जब जनता आत्मनिर्भर बन ही गई है तो गोदी मीडिया और सरकार ने जिक्र करना भी छोड़ दिया जैसे चल रहा है वैसे चल रहा है। जो मेहनत 3 महीने लॉकडाउन लगाकर की थी और उस लॉकडाउन में भी सरकार ने कोई तैयारी नहीं की थी और उसी लॉकडाउन में तैयारी की होती तो आज कोरोना वायरस मरीजों की संख्या इतने उच्च स्तर पर ना पहुंचती।

लगातार कोरोनावायरस बढ़ते संक्रमण को रोकने के बजाय देश में हो क्या रहा है। लेकिन कोरोनावायरस को काबू करने के बजाए विधायकों की खरीद-फरोख्त चल रही है। और मीडिया भी इसी खरीद-फरोख्त पर जमकर कवरेज कर रहा है। और विपक्ष में ही कमी निकाल रहा है कि उन नेता को सम्मान नहीं मिला। और गोदी मीडिया कहीं ना कहीं नेताओं को उकसाने का काम कर रहा है। और जो मुख्य मुद्दा है कोरोनावायरस संक्रमण उस पर गोदी मीडिया बिल्कुल खामोश है।