गुजरात : आखिर गुजरात अस्पताल में मरीज क्यों कह रहा है निकालो यहां से वरना …… , विस्तार से पढ़ें पूरी खबर

भारत में कोरोनावायरस की तेजी से बढ़ रहा है और जब मरीज कोरोनावायरस का इलाज कराने के लिए अस्पताल पहुंच रहे हैं तो अस्पतालों की सच्चाई भी जनता के सामने आ रही है अस्पतालों की पोल खुल रही है जो नेता अस्पतालों की तारीफ और प्रदेशों की तारीफ करते थे आज ऐसे माहौल में जब कोरोनावायरस लगा है तब उन अस्पतालों की सच्चाई सामने आ रही है। और बिहार में ऐसे कई अस्पताल हैं जिनकी सच्चाई सामने आ चुकी है।

और प्रदेशों में कोरोनावायरस संक्रमित के जितने केस हैं अगर देखा जाए तो अन्य राज्यों में कोरोनावायरस संक्रमण के केस बिहार से कम है लेकिन बिहार में अस्पतालों की पोल खुल गई है। बिहार के अस्पतालों की हकीकत जनता के सामने आ रही है और लगातार बिहार के मरीजों की तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है और वह तस्वीरें सरकार से लगातार सवाल पूछ रही है।

गुजरात में भी कोरोनावायरस संक्रमण लगातार बढ़ रहा है वहां अब प्रतिदिन कोरोनावायरस संक्रमण मरीजों की संख्या 1000 से ज्यादा आ रही है लेकिन इस राज्य की हम बात क्यों कर रहे हैं इसलिए कर रहे हैं क्योंकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इसी राज्य से मुख्यमंत्री से प्रधानमंत्री बने थे और इस राज्य की स्वास्थ्य सुविधाएं हो या अन्य सुविधाएं हो। बल्कि इस राज्य की सभी सुविधाओं की बढ़-चढ़कर तारीफ की गई थी और इस गुजरात का नाम गुजरात मॉडल दिया गया था।

इसी गुजरात में हंसमुख नाम के एक आदमी को कोरोना वायरस संक्रमण हो जाता है। और यही आदमी का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है । इस शख्स का इलाज गुजरात के सूरत में महानगर पालिका संचालित स्मीमेर अस्पताल में चल रहा था जिसमें यह आदमी वीडियो में कहता हुआ नजर आ रहा है ‘कि मुझे अस्पताल से निकाल लो वरना ‘ सोशल मीडिया पर वह वीडियो लगातार वायरल हो रहा है उस वीडियो को लेकर लोग गुजरात सरकार से सवाल पूछ रहे हैं।

जरा सोचिए वह व्यक्ति जो कोरोनावायरस से संक्रमित है वो ऐसा क्यों कह रहा है। क्योंकि वहां उसे स्वास्थ्य सुविधाएं ठीक से नहीं मिल पा रही थी उसका इलाज नहीं हो पा रहा था इसीलिए वह आदमी वहां रो रहा था कि उसे वहां से निकाल लो। पहले भी गुजरात हाईकोर्ट ने गुजरात के अस्पतालों की हालत बद से बदतर बताई थी लेकिन हुआ क्या था उन जजों को ही बेंच से हटा दिया गया था।

क्या उन जजों को हटाने से गुजरात के अस्पतालों की स्थिति सुधर गई। यह आदमी उस राज्य में कह रहा है जहां प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मुख्यमंत्री से प्रधानमंत्री चुने गए और इस राज्य का तो जिक्र भी बहुत होता है क्योंकि जब चुनाव होने वाले थे तब यही कहा गया था कि आप गुजरात मॉडल को देखिए। सोचिए लगभग रोजाना 1000 केस आ रहे हैं तो मरीज कहता हुआ नजर आ रहा है कि उसे उस अस्पताल से निकाल लिया जाए

उस वायरल वीडियो में वह आदमी रो कर कह रहा है कि उसका इलाज ढंग से नहीं हो पा रहा है उसे सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं और इसी वजह से वह शक्श कहता हुआ नजर आ रहा है कि उसे उस अस्पताल से निकाल दिया जाए आप समझ सकते हैं कि अगर अस्पताल की सुविधाएं सही होंगी तो लोग आराम से कोरोनावायरस जैसी बीमारी का इलाज करा सकते हैं। और अस्पतालों में बद से बदतर हालातों को देखते हुए उस व्यक्ति ने वीडियो बनाया और उसी वीडियो में रो कर कहने लगा कि उसे अस्पताल से निकाल दिया जाए।