2014 से पहले पेट्रोल डीजल की महंगाई पर सवाल उठाने वाला गोदी मीडिया आज चुप क्यों हैं , देखें और पढ़ें पूरी खबर

भारत देश में आज डीजल और पेट्रोल के दाम लगभग बराबर हो चले हैं लेकिन गोदी मीडिया में इसको लेकर कोई सवाल करने को तैयार ही नहीं है बल्कि अगर कोई सवाल पूछे तो उसे करारा जवाब मिलता है कि आप देशद्रोही हैं। आज जब पूरी दुनिया कोरोनावायरस के संकट से जूझ रही है और कच्चे तेलों पर कीमत में गिरावट है तो ऐसे में मोदी सरकार लगातार पेट्रोल और डीजल की कीमतें बढ़ाती जा रही है ।

ऊपर ट्वीट में तो आपने देख ही लिया होगा कि किस तरीके से 2011 में गोदी मीडिया के एंकर ने डीजल और पेट्रोल की महंगाई को लेकर ट्वीट किया था। इस ट्वीट में कहा गया था कि भारत मैं जो मध्यमवर्ग है वह अब मांग करें कि उसे वेतन का भुगतान पेट्रोल में किया जाए इस तरह उन्हें 3 महीने में बढ़ोतरी मिलेगी। अब दूसरा ट्वीट देखिए।

दूसरे ट्वीट में पेट्रोल को लेकर इत्र की बूंद को लेकर बात कही । आज यह गोदी मीडिया का एंकर जब पेट्रोल और डीजल के दाम बिल्कुल बराबर हो गए हैं और कीमत पहुंचकर 80 रुपये के करीब पहुंच गई है। तो आज यह सवाल क्यों नहीं उठाता आज यह चुप क्यों है। हो सकता है यह सवाल सरकार पर नहीं बनता हो क्योंकि यह जिम्मेदारी तेल कंपनियों की होती है और यह सवाल तेल कंपनियों पर बनता हो।

आज गोदी मीडिया की यह हालत हो गई है कि जब देश कोरोनावायरस संकट से जूझ रहा है और ऐसे हालात में डीजल पेट्रोल के दाम लगातार बढ़ते जा रहे हैं लेकिन गोदी मीडिया सरकार से सवाल करने को बिल्कुल तैयार नहीं है।