रैपिड जांच में कोरोना पॉजिटिव पाई गई कोटा से गाजीपुर लौट रही छात्रा

राजस्थान में फंसे छात्रों को निकालने के लिए 300 बसें चलाई गई 25 मार्च को जो लॉक डाउन हुआ। लॉक डाउन की वजह से इसमें हजारों छात्र फस गए यह छात्र यूपी बिहार अन्य कई राज्यों के छात्र थे इन छात्रों ने अपने घर जाने के लिए ट्विटर पर ट्रेंड भी किया। उसके बाद सरकार ने इनकी आवाज को सुना और फिर इन्हें घर वापस लाने के लिए योजना बनाई सरकार द्वारा बसें चलाई जाती हैं और रैपिड जांच छात्रों की की जाती है लेकिन रैपिड जांच में एक छात्रा के लक्षण कोरोनावायरस के पाए गए हैं जिस बस में यह छात्रा सवार होकर जा रही थी उस बस में दो पुलिसकर्मी और 23 छात्र-छात्राएं थी छात्रा के सैंपल को जांच के लिए लैब भेजा गया है गाजीपुर के डीएम ने अपने बयान में कहा है कि जब तक छात्रा की रिपोर्ट नहीं आ जाती तब तक कोरोना संक्रमित नहीं माना जाएगा

जितने लोग उस छात्रा के साथ आए थे उस बस में सभी को क्वॉरेंटाइन कर दिया गया है अभी रैपिड जांच में छात्रा कोरोना पॉजिटिव पाई गई है लेकिन दूसरी जांच रिपोर्ट आने के बाद ही पता लगेगा कि छात्रा कोरोनावायरस है या नहीं अभी छात्रा को लेकर हालात संदिग्ध है आज भारत में कोरोनावायरस के मामले अभी तक 565 बड़े हैं 14404 मरीज अभी भी कोरोनावायरस के इस संकट से लड़ रहे हैं आज देश में 8 मौतें हुई हैं और कुल मौतों का आंकड़ा अभी तक 567 पहुंच चुका है जिसमें से 2898 लोग इस बीमारी से ठीक होकर अपने घर वापस पहुंच गए हैं

जो लक्षण छात्रा में पाए गए हैं उसे देख कर अधिकारियों ने बताया है कि छात्रा कोरोनावायरस हो सकती है लेकिन जब तक रिपोर्ट नहीं आती तब तक कुछ नहीं कहा जा सकता रिपोर्ट आने के बाद तय किया जाएगा कि आगे की प्रक्रिया क्या होगी इस पूरी बस में जितने भी लोग सवार थे सभी लोगों को एक सरकारी संस्थान में क्वॉरेंटाइन कर दिया गया है