रंजन गोगोई ने ली शपथ विपक्ष ने लगाएं सेमसेम के नारे

जब से सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज रंजन गोगोई राज्यसभा सदस्य की घोषणा हुई है तब से सियासी घमासान मचा हुआ है विपक्ष ने भारतीय जनता पार्टी पर करारा हमला बोला है विपक्ष ने कहा है रंजन गोगोई को यह पद इनाम के तौर पर दिया जा रहा है और रंजन गोगोई ने कई फैसले भी किए जैसे राम मंदिर धारा 370 और भी कई बड़े मुद्दे को अंजाम दिया लेकिन जब शपथ ग्रहण हुआ शपथ के लिए रंजन गोगोई खड़े हुए तब विपक्षी सांसदों ने सेमसेम के नारे लगाए कुछ सदस्य होने सदन से बायकॉट करने का ऐलान तक कर दिया उन्होंने कहा कि हम सदन को छोड़ देंगें

राष्ट्रपति कोविंद ने रंजन गोगोई का शपथ ग्रहण कराया था और विपक्षी पार्टियों इसका विरोध करती रही रंजन गोगोई नवंबर में सुप्रीम कोर्ट की वेंच से रिटायर हुए थे लेकिन अब वे राज्यसभा सदस्य हैं

 

शपथ ग्रहण के बाद बचाव में वेंकैया नायडू और रविशंकर प्रसाद आ गए तभी संसद ने सेंसेन के नारों से संसद गूंज उठा मां विरोधी सांसदों को रोकने की कोशिश भरपूर की गई लेकिन भेज नहीं रोक पाए और नारे लगातार लगाते रहे समर्थ सांसदों ने बैठने के निर्देश दिए और शांति बनाए रखने के लिए कहा लेकिन उनकी बात किसी ने नहीं मानी

लेकिन सोचने वाली बात यह है कि जिस चीफ ऑफ जस्टिस को राज्यसभा सदस्यता दिलाई जा रही है उसने अपने पिछले शासनकाल में कैसे-कैसे फैसले लिए होंगे क्या यह राजनीतिक इनाम है लेकिन सुप्रीम कोर्ट के पूर्व चीफ ऑफ जस्टिस मैं जैसे ही शपथ ली वैसे ही विपक्ष ने सैमसंग के नारे लगाने शुरू कर दिए

यह वही जज है जिन्होंने रिटायर होने से पहले राम मंदिर पर फैसला सुनाया था और अब उन्होंने राज्यसभा की सदस्यता की शपथ ले ली है