गुजरात में एंबुलेंस में जा रही थी बच्ची ,मुस्लिम होने के कारण बच्ची को एंबुलेंस से उतारा गया ,देखें वीडियो

यह घटना गुजरात मॉडल के अहमदाबाद की है जहां एक बच्ची की तबीयत खराब होती है उसके बाद उस बच्ची को हॉस्पिटल में भर्ती कराने के लिए एंबुलेंस से ले जाया जाता है कुछ दूर चलने के बाद अहमदाबाद के एलीज ब्रिज पर उस एंबुलेंस को पुलिस रोक लेती है पुलिस जांच करती है जांच करने के बाद पुलिस को मालूम चलता है कि यह एंबुलेंस में जो बच्ची है वह मुस्लिम है उसके बाद गुजरात पुलिस इस एंबुलेंस को रोक लेती है। और इसके बाद एंबुलेंस में से सभी लोगों को उतार देती है।

जिस एंबुलेंस में बच्ची को ले जाया जा रहा था वह एंबुलेंस जमीअत उलमा हिंद की एंबुलेंस थी जो देश में सबसे बड़ी संस्था है और रिलीफ का काम करती है लेकिन गुजरात में एंबुलेंस को रोका जाना क्या सही है। यह एंबुलेंस सुबह कालूपुर दरिया से पालड़ी जा रही थी। लोगों ने पुलिस से काफी सिफारिशें की लेकिन पुलिस ने उन लोगों की एक ना सुनी और एंबुलेंस को रोक लिया।

आप वीडियो में देखेंगे कि और भी कई एंबुलेंस जा रही हैं लेकिन पुलिस उन्हें नहीं रोकती है जबकि वीडियो में देखा जा सकता है कि एंबुलेंस बच्ची की एंबुलेंस से काफी छोटी हैं जिसमें चार पांच लोग हैं लेकिन फिर भी पुलिस उन्हें जाने देती है लेकिन जिस में मुस्लिम बच्ची बीमार होती है उस एंबुलेंस को गुजरात पुलिस रोक लेती है। पुलिस एंबुलेंस के ड्राइवर से पुलिस बदतमीजी करती है। काफी कोशिश करने के बाद जब गुजरात पुलिस एंबुलेंस हॉस्पिटल नहीं जाने देती हैं। तब बच्ची को एक रिक्शे से हॉस्पिटल ले जाया जाता है। क्या यही है मोदी जी का गुजरात मॉडल।

देखिए यह रिपोर्ट