आईटी सेल रवीश कुमार को लेकर फैला रहा है अफवाहें …….

एनडीटीवी के वरिष्ठ पत्रकार रवीश कुमार का टि्वटर स्क्रीनशॉट वायरल हो रहा है और साथ में एक वीडियो भी वायरल हो रहा है जिसमें यह दावा किया जा रहा है कि रवीश कुमार ने एनडीटीवी छोड़ दिया है अबे प्राइम टाइम नहीं करेंगे उसने यह भी दावा किया जा रहा है कि एनडीटीवी पर अब बाबाओं का आना शुरू हो गया है एंड टीवी भी गोदी मीडिया में शामिल हो गया है इस बात में कितनी सच्चाई है आइए आपको बताते हैंट्विटर ट्वीट में साफ-साफ लिखा हुआ हैकि रविवार मौज मस्ती का दिन है कुछ कहे तो गलत नहीं होगा जनता कर्फ्यू का बहाना बनाकर मोदी जी स्वतंत्रता से जीवन जीने का अधिकार छीन रहे हैं और डर का माहौल बनाया जा रहा है यह आज के डर की सच्चाई हैजैसे ही सोशल मीडिया पर रविश कुमार के एनडीटीवी छोड़ने के वीडियो और यह स्क्रीनशॉट पागल होने लगे तब रवीश कुमार के फेसबुक पेज इनबॉक्स में इन वायरल वीडियो के मैसेज आने लगे तब उन्होंने फेसबुक पेज पर आकर इस ट्विटर ट्वीट को लेकर कुछ टिप्पणी कीरवीश कुमार ने कहा कि है यूट्यूब पर लाइक हिट्स बढ़ाने वालों यह अफवाह मत फैलाओ कि मैं ने एनडीटीवी को छोड़ दिया है मेरे इनबॉक्स में मैसेज आ रहे हैं वीडियोस आ रहे हैं यह बिल्कुल सही नहीं है इस तरह के मेरे फर्जी टि्वटर अकाउंट से स्क्रीन को बैरल करा कर यह क्या साबित करना चाहते हैं जितनी मेहनत ट्विटर स्क्रीनशॉट बनाने में की गई है इतनी मेहनत अगर किसी और देश हित में कार्य में लगा देते तो अच्छा होता यह स्क्रीनशॉट पूरी तरीके से फर्जी हैआपको बताना चाहेंगे कि रवीश कुमार पिछले 5 सालों से ट्विटर नहीं चलाते हैं उन्होंने अगले 5 सालों से अपने ट्विटर अकाउंट पर कोई भी ट्वीट नहीं किया है उनका ट्विटर अकाउंट ब्लूटिक वेरीफाइड है आप जाकर ट्विटर पर देख भी सकते हैं उन्होंने लास्ट ट्वीट 22 अगस्त 2015 को किया था उसके बाद आज तक उन्होंने कोई भी ट्वीट नहीं किया है तो जब 2015 से लेकर अब तक रवीश कुमार ने ट्विटर अकाउंट को नहीं चलाया है तो यह स्क्रीनशॉट पूरी तरीके से फर्जी है यह फोटो शॉप से तैयार किया गया है और इसमें ग्रीन टिक भी लगाया गया है जोकि लगे की वेरीफाइड अकाउंट से ट्वीट किया गया हैजैसे ही यह वीडियो और स्क्रीनशॉट वायरल होने लगे तो इन स्क्रीनशॉट को लेकर रवीश कुमार ने सीधा निशाना बीजेपी आईटी सेल पर साधा क्योंकि बीजेपी आईटी सेल आए दिन कुछ ना कुछ फोटोशॉप करके या वीडियो का कुछ हिस्सा कटिंग करके वायरल कराते रहते हैं अभी कुछ दिन पहले वीडियो कटिंग करके वायरल कराया गया थाजब शाहीन बाग में नागरिकता संशोधन कानून विरोध प्रदर्शन चल रहा था तब किसी महिला के फोटो को लेकर रवीश कुमार को टारगेट किया गया था उस पोस्ट में लिखा गया था कि रवीश कुमार भी नागरिकता संशोधन कानून में हिस्सा ले रहे हैं कोई महिला है नकाब में बैठी हुई है और उसका चेहरा कुछ रवीश कुमार में मिलता-जुलता लग रहा है जब इस पोस्ट ने सोशल मीडिया पर वायरल रफ्तार पकड़ी तब वह शाहीन बाद रुक विरोध प्रदर्शन में पहुंचे और उन्होंने उस महिला को खोज निकाला जिस महिला का फोटो रवीश कुमार को बताकर वायरल करा जा रहा था रवीश कुमार ने उस महिला के फोटो को लेकर अपने फेसबुक पेज पर एक पोस्ट कीकि लो मिल लीजिए शाहीन बाग के रवीश कुमार से । दोनों ने साथ में यह भी कहा था कि जितना समय यह फर्जी स्क्रीनशॉट फर्जी फोटो में आईटी सेल लगाता है अगर इतना ही वक्त देश हित में किसी कार्य में लगा दे तो देश का भला हो जाएगा ।